उत्तराखण्ड शासन द्वारा जारी आदेशों के क्रम में कर्णप्रयाग के उपजिलाधिकारी सोहन सिंह रांगण को श्री बद्रीनाथ-केदारनाथ मंदिर समिति का मुख्य कार्याधिकारी नियुक्त किया गया है। शासन के इस फैसले को प्रशासनिक दक्षता और धार्मिक व्यवस्थाओं को सुदृढ़ करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
श्री रांगण ने अपने कार्यकाल के दौरान कर्णप्रयाग में प्रभावी प्रशासन, जनहितकारी निर्णयों और बेहतर प्रबंधन से अपनी अलग पहचान बनाई है। आपदा प्रबंधन, जनसमस्याओं के त्वरित निस्तारण और विकास कार्यों के सफल क्रियान्वयन में उनकी भूमिका सराहनीय रही है।
चारधाम यात्रा के दृष्टिगत यह नियुक्ति विशेष महत्व रखती है। बद्रीनाथ और केदारनाथ धाम में हर वर्ष देश-विदेश से बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचते हैं। ऐसे में यात्रा व्यवस्थाओं को सुचारू, सुरक्षित और सुविधाजनक बनाए रखना एक बड़ी जिम्मेदारी होती है।
सरल स्वभाव और जनप्रिय छवि के लिए पहचाने जाने वाले अधिकारी सोहन सिंह रांगण के इस पद पर आने से यह उम्मीद जताई जा रही है कि बद्रीनाथ-केदारनाथ धाम में व्यवस्थाएं और अधिक बेहतर होंगी। माना जा रहा है कि देश-विदेश से आने वाले श्रद्धालु धामों से एक सकारात्मक और अच्छी छवि लेकर लौटेंगे।
श्रद्धालुओं को सुविधाजनक, सुरक्षित एवं सुव्यवस्थित दर्शन व्यवस्था मिल सकेगी, वहीं यात्रा प्रबंधन में पारदर्शिता और प्रभावशीलता भी बढ़ेगी। स्थानीय जनप्रतिनिधियों, प्रशासनिक अधिकारियों और आमजन ने उनकी नई जिम्मेदारी पर शुभकामनाएं देते हुए विश्वास जताया है कि उनके नेतृत्व में बद्री-केदार धाम की व्यवस्थाएं और अधिक सुदृढ़ और व्यवस्थित होंगी।